अंबेडकर जयंती 2021 : Ambedkar Jayanti 2021

अंबेडकर जयंती 2021: Ambedkar Jayanti 2021

अंबेडकर जयंती 2021 / Ambedkar Jayanti 2021
अंबेडकर जयंती 2021

डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती 2021 में 14 अप्रैल को है। अंबेडकर जी के बारे ने कुछ अन्य बाते आपको नीचे क्रम से बता रहे हैं।

  •  अंबेडकर जी का नाम रामजी सकपाल (बचपन का नाम) था।
  •  डॉ. भीमराव अंबेडकर का जन्म महार जाति में हुआ था, उनकी जाति को लोग अछूत एवं बेहद निचली जाति मानते थे।
  •  भारत का संविधान बनाने में डॉ. भीमराव अंबेडकर जी का विशाल योगदान माना जाता है।
  •  डॉ. भीमराव अंबेडकर जी का जन्म 14 अप्रैल 1891 को मध्य प्रांत [वर्तमान में मध्य प्रदेश] में महू के नगर और सैन्य छावनी में हुआ था।
  •   महू को वर्तमान डॉ. अंबेडकर नगर नाम से जानते है।
  •  डॉ. भीमराव अंबेडकर जी ने बरसों तक बौद्ध धर्म का अध्ययन किया था।
  •  14 अक्टूबर, 1956 को अंबेडकर जी ने बौद्ध धर्म अपनाया था।
  •  इतना ही नहीं करीब 5 लाख समर्थक उनके साथ बौद्ध धर्म में आए। /अंबेडकर जयंती 2021 Ambedkar Jayanti 2021
  •  डॉ. भीमराव अंबेडकर स्वतंत्र भारत के पहले कानून एवं न्याय मंत्री, भारत के संविधान के प्रमुख वास्तुकार थे।  
  •  अंबेडकर जी की 64 विषयों पर उनको महारत हासिल थी।
  •  डॉ. भीमराव अंबेडकर जी 9 तरह भाषाएं बोल सकते थे।  
  •  उनका निधन 6 दिसंबर, 1956 को दिल्ली स्थित उनके घर पर हुआ था। 
  •  भारत एवं अन्य कई जगहों पर, उन्हें बाबा साहेब कहा जाता था, जिसका अर्थ मराठी में 'सम्मानित पिता' था।
  •  भीमराव अंबेडकर जी की पुण्यतिथि को महा परिनिर्वाण दिवस के रूप पर मनाया जाता है। 
  •  दलितों की स्थिति में सुधार लाने के लिए उन्होंने काफी काम किया।
  •  एवं छूआछूत जैसी प्रथा को खत्म करने में उनकी बड़ी भूमिका थी।
  •  दिल्ली में अंबेडकर जी की पहली प्रतिमा रानी झांसी रोड पर स्थित अंबेडकर भवन में 14 अप्रैल 1957 को स्थापित की गई थी।

समापन

अंबेडकर जयंती 2021 (Ambedkar Jayanti 2021) लेख को अपने अच्छे से पढ़ा इसके लिया धन्यवाद, यदि आप चाहे हो अन्य लेख भी मुख्य पृष्ट पर जाकर पढ़ सकते हैं, एक बार फिर बात दे की डॉ. भीमराव अंबेडकर जयंती 2021 में, 14 अप्रैल को है।